MBBS की सीट पाना हर NEET उम्मीदवार का सपना होता है। आम तौर पर टॉप रैंक लाने वाले छात्र AIIMS या बड़े सरकारी मेडिकल कॉलेज को पहली पसंद बनाते हैं, क्योंकि वहाँ फीस बहुत कम होती है। लेकिन NEET UG Counselling 2026 के तीसरे राउंड में एक चौंकाने वाला ट्रेंड दिखा है।

कई ऊँची रैंक वाले उम्मीदवारों ने लाखों रुपये की फीस वाले प्राइवेट और Deemed मेडिकल संस्थान चुने हैं। इस लेख में जानिए कि किस रैंक वाले को कौन सा कॉलेज मिला, फीस कितनी है और इसके पीछे के संभावित कारण क्या हैं।
NEET UG 2026 Round 3 में क्या हुआ?
Medical Counselling Committee (MCC) की Round 3 की सीट आवंटन सूची में कुछ बड़े नाम सामने आए हैं। यह सूची 30 सितंबर 2026 की है और इसे 1 अक्टूबर को फ़ाइनल रूप में जारी किया गया।
| All India Rank (AIR) | आवंटित कॉलेज |
| 267 | Kasturba Medical College (KMC), मणिपाल |
| 701 | KMC, मणिपाल |
| 1,328 | KMC, मणिपाल |
| 1,362 | KMC, मणिपाल |
| 1,780 | KMC, मणिपाल |
| 2,780 | श्री रामचंद्र मेडिकल कॉलेज एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट, चेन्नई |
इनमें से AIR 267 वाले उम्मीदवार ने KMC की Self-Financed Merit Seat चुनी। आम तौर पर इतनी रैंक पर 720 में से 680 से ज़्यादा अंक माने जाते हैं।
एक ज़रूरी बात
MCC की सूची में सिर्फ़ यह दर्ज है कि किस रैंक को कौन सा कॉलेज मिला। यह सूची अकेले यह साबित नहीं करती कि हर उम्मीदवार को पहले AIIMS की सीट मिली थी और उसने उसे छोड़ दिया। इसका पता पिछले राउंड के आवंटन और Upgradation की स्थिति देखकर ही चलता है।
सरल शब्दों में कहें तो ट्रेंड साफ़ है, लेकिन हर मामले की पूरी कहानी सूची से नहीं मिलती।
सरकारी और प्राइवेट कॉलेज की फीस में कितना अंतर?
फीस का अंतर बहुत बड़ा है। इसी वजह से यह ट्रेंड चर्चा में है।
| कॉलेज का प्रकार | MBBS की फीस |
| सरकारी मेडिकल कॉलेज | कुल Tuition Fee करीब ₹6,000 से ₹50,000 |
| नामी प्राइवेट/Deemed संस्थान | सालाना ₹18 से ₹22 लाख, पूरे कोर्स में करीब ₹75 से ₹85 लाख |
KMC मणिपाल की आधिकारिक फीस
KMC की आधिकारिक वेबसाइट पर सामान्य श्रेणी के MBBS प्रोग्राम की कुल फीस ₹71,00,500 दर्ज है। कोर्स की अवधि इंटर्नशिप सहित 5.5 साल है।
हॉस्टल, खाना और दूसरे खर्च जोड़ने पर कुल बजट बढ़ सकता है। इसलिए ₹80 लाख को सभी छात्रों की तय फीस नहीं मानना चाहिए। श्री रामचंद्र कॉलेज की 2026-27 की सही फीस उसके ताज़ा Prospectus से ज़रूर मिला लें।
टॉप रैंकर्स महंगे प्राइवेट कॉलेज क्यों चुन रहे हैं?
विशेषज्ञों ने इसके चार संभावित कारण बताए हैं। ये हर उम्मीदवार के फ़ैसले की पक्की वजह नहीं हैं, सिर्फ़ संभावित कारण हैं।
1. बड़े Teaching Hospital
KMC मणिपाल के पास 2,000 से ज़्यादा और श्री रामचंद्र के पास 2,500 से ज़्यादा बेड का अस्पताल है। बड़े अस्पताल में अलग-अलग तरह के मरीज़ देखने को मिलते हैं। इससे Clinical Training मज़बूत हो सकती है।
2. विदेश में पढ़ाई का लक्ष्य
जो छात्र अमेरिका या ब्रिटेन में PG (Residency) करना चाहते हैं, वे ऐसे संस्थान पसंद कर सकते हैं जिनका अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क और बड़ा Alumni Network हो। हालाँकि किसी भी कॉलेज से पढ़ने पर विदेश में प्रवेश की गारंटी नहीं मिलती।
3. आधुनिक सुविधाएं
कई प्राइवेट संस्थानों में Simulation Lab, रोबोटिक सर्जरी और अच्छा कैंपस होने की बात कही गई है। संपन्न परिवार इसे निवेश की तरह देखते हैं।
4. सरकारी सेवा का Bond
कई राज्यों में सरकारी कॉलेज से MBBS करने पर 2 से 5 साल की अनिवार्य सरकारी या ग्रामीण सेवा का Bond भरना पड़ता है। शर्त तोड़ने पर ₹25 लाख से ₹50 लाख तक की पेनल्टी है। डीम्ड संस्थानों में ऐसा Bond नहीं होता। ये नियम राज्य और सीट के प्रकार के हिसाब से बदलते हैं।
क्या AIIMS की सुविधाएं प्राइवेट कॉलेज से कम हैं?
ऐसा सामान्य निष्कर्ष निकालना सही नहीं है। कुछ नए AIIMS (जैसे देवघर, जम्मू, गुवाहाटी, बिलासपुर) में IPD और सुपर-स्पेशियलिटी सुविधाएं अभी विकसित हो रही हैं। लेकिन AIIMS जम्मू की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार वहाँ कई सुपर-स्पेशियलिटी विभाग और इनडोर सेवाएं चल रही हैं।
इसका मतलब है कि अलग-अलग AIIMS की स्थिति अलग है।
कॉलेज चुनते समय किन बातों की तुलना करें?
सिर्फ़ ब्रांड या सरकारी-निजी का ठप्पा देखकर फ़ैसला न करें। इन बिंदुओं पर ज़रूर गौर करें।
- अस्पताल में रोज़ आने वाले और भर्ती मरीज़ों की संख्या
- उपलब्ध विभाग, ऑपरेशन थिएटर और सुपर-स्पेशियलिटी सेवाएं
- Faculty-Student Ratio
- कॉलेज की मान्यता और शैक्षणिक नतीजे
- कुल फीस, हॉस्टल और दूसरे खर्च
- Bond, अनिवार्य सेवा और आगे की पढ़ाई की शर्तें
अब आगे क्या? Counselling का अगला चरण
Round 3 के बाद Stray Vacancy Round होता है। इसके लिए रजिस्ट्रेशन 12 से 14 अक्टूबर 2026 तक था और नतीजा 17 अक्टूबर को आने की सूचना है। यह राउंड उन उम्मीदवारों के लिए है जिन्हें सीट नहीं मिली, और पात्रता नियम लागू होते हैं।
Round 3 में सीट पाने वाले उम्मीदवार को तय समय में कॉलेज में रिपोर्ट करना ज़रूरी था। रिपोर्ट न करने पर Security Deposit ज़ब्त हो सकता है। ऐसा उम्मीदवार आगे की MCC काउंसलिंग से भी बाहर हो सकता है।
आवंटन सूची और ताज़ा अपडेट के लिए MCC की आधिकारिक वेबसाइट देखें।
FAQs: आपके सवाल, आसान जवाब
1. NEET UG Round 3 की आवंटन सूची कहाँ देखें?
MCC की वेबसाइट पर जाएं और UG Medical टैब खोलें। फिर Current Events में Round 3 Seat Allotment Result का लिंक चुनें। वहाँ PDF में रैंक, कॉलेज और सीट की श्रेणी दिखेगी।
2. क्या सीट मिलने के बाद कॉलेज में रिपोर्ट करना ज़रूरी है?
हाँ। तय तारीख तक रिपोर्ट न करने पर Security Deposit जा सकता है। साथ ही आप आगे के राउंड से भी बाहर हो सकते हैं। इसलिए आवंटन पत्र और दस्तावेज़ लेकर समय पर कॉलेज पहुँचें।
3. अगर मैं प्राइवेट कॉलेज की महँगी फीस नहीं भर सकता, तो क्या करूँ?
सरकारी कॉलेज की सीट को प्राथमिकता दें और Choice Filling सोच-समझकर करें। जिन्हें सीट नहीं मिली, वे Stray Vacancy Round की पात्रता देखें। शिक्षा ऋण के विकल्प भी बैंक से पूछ सकते हैं।
4. क्या सरकारी कॉलेज में हमेशा Bond भरना पड़ता है?
नहीं। Bond के नियम राज्य, सीट के प्रकार और प्रवेश वर्ष के हिसाब से बदलते हैं। सभी सरकारी कॉलेजों में एक जैसी शर्त नहीं होती। इसलिए प्रवेश से पहले उस राज्य या कॉलेज का नियम ज़रूर पढ़ें।